अमेरिका ने मध्य-पूर्व के चार दूतावासों में स्टाफ घटाया

अमेरिका ने मध्य-पूर्व में बढ़ते खतरे की आशंका के बीच जॉर्डन, लेबनान, कतर और संयुक्त अरब अमीरात स्थित अपने चार दूतावासों में कर्मचारियों की संख्या घटाने का फैसला किया है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार खुफिया जानकारी में अमेरिकी नागरिकों और ठिकानों के खिलाफ बढ़ते खतरे के संकेत मिले हैं, जिसके बाद यह कदम उठाया गया है। चारों दूतावास खुले रहेंगे और ज़रूरी कामकाज जारी रहेगा, लेकिन गैर-ज़रूरी कर्मचारियों की संख्या कम की जा रही है। यह फैसला ऐसे समय आया है जब क्षेत्र में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ा हुआ है और तेल की कीमतें भी ऊपर जा रही हैं। जानकारों का कहना है कि दूतावासों में स्टाफ घटाना किसी बड़े संकट का संकेत भी हो सकता है और सावधानी का उपाय भी। अमेरिका ने अपने नागरिकों को क्षेत्र की यात्रा के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी है। इस कदम से यह भी साफ होता है कि वॉशिंगटन क्षेत्र में हालात को गंभीरता से ले रहा है। हालाँकि खुफिया जानकारी की स्वतंत्र पुष्टि सार्वजनिक रूप से नहीं हुई है, इसलिए खतरे की असली सीमा को लेकर अटकलें भी लगाई जा रही हैं।
तस्वीर: https://commons.wikimedia.org/wiki/File:United%20States%20Embassy%20in%20Montevideo.jpg (CC0)
