Latest News
‘यह नए नेतृत्व की तलाश करने का समय है’: ट्रम्प ने ‘बीमार’ खमेनेई के शासन को समाप्त करने का आह्वान किया – क्या राष्ट्रपति ईरान के खिलाफ नए सिरे से धमकियां दे रहे हैं?ट्रम्पियाना: पेटुलेंट पुरस्कार सेनानी के लिए कोई विराम नहीं‘पहले कभी नहीं देखा’: सऊदी गुफाओं में चीता की ममियाँ मिलीं – प्राकृतिक रूप से ममीकृत बड़ी बिल्लियों के लिए पहली बारएक अलग रोहित शर्मा: क्यों भारत के सलामी बल्लेबाज अब अधिक सावधानी से बल्लेबाजी कर रहे हैं | क्रिकेट समाचार‘धुरंधर’ बॉक्स ऑफिस कलेक्शन दिन 43: रणवीर सिंह, अक्षय खन्ना की फिल्म ने दुनिया भर में 1275 करोड़ रुपये कमाए |‘बंगाल टीएमसी से तंग आ चुका है’: महा जीत के बाद पीएम मोदी ने ममता पर निशाना साधा; मालदा रैली कल इंडिया न्यूजबजट 2026: लंबे समय से लंबित और लंबे समय तक चलने वाले कर मुकदमे से निपटने की तत्काल आवश्यकतावेनेजुएला से ईरान तक: कैसे अमेरिका की मिसाइल हमले से ठोस रॉकेट मोटर आपूर्ति संकट पैदा हो रहा है – समझाया गया‘मानो यह जंतर-मंतर हो!’ ED के आरोप से SC ‘परेशान’; एजेंसी का कहना है कि टीएमसी ने इंडिया न्यूज पर I-PAC की छापेमारी से पहले लोगों को HC आने के लिए कहा था‘खराब योजना’: निखिल कामथ ने बीएमसी चुनावों के दौरान शेयर बाजार बंद होने पर सवाल उठाए; झंडे ‘सराहना की गंभीर कमी’

हज़रत इमाम हुसैन का चेहलुम 7 सितम्बर को-कोतवाली से नखास कोहना तक होगा ज़न्जीरो व छूरीयों का मातम

Published on: 05-09-2023

हज़रत इमाम हुसैन का चेहलुम 7 सितम्बर को-कोतवाली से नखास कोहना तक होगा ज़न्जीरो व छूरीयों का मातम

हज़रत इमाम हुसैन अलैहिस्सलाम व अन्य 71 शहीदों के चेहलुम के दिन नज़दीक आते ही मजलिस मातम जुलूस व शब्बेदारी का दौर अपने शबाब पर है।करैली करैलाबाग़ बख्शी बाज़ार रानीमंडी दरियाबाद सहित तमाम मुस्लिम बाहुल्य क्षेत्रों में कहीं पुरुषों की तो कहीं महिलाओं की दस दिवसीय व सालाना मजलिसें हो रही हैं।सात सितंबर को रानीमंडी इमामबारगाह आज़म हुसैन से सुबहा नौ बजे चेहलुम का जुलूस निकाला जाएगा जो रानीमंडी बच्चा जी धर्मशाला कोतवाली नखास कोहना खुल्दाबाद हिम्मतगंज होते हुए चकिया स्थित करबला जायगा जिसमें मातमी अन्जुमनो द्वारा कोतवाली से नखास कोहना तक तेज़ धार की छूरीयों से लैस ज़ंजीरों व चाकूओ (क़मा) का मातम होगा।कुछ नौजवान खून रहित ज़न्जीरो का मातम भी करते हुए जुलूस में शामिल होंगे।जुलूस में अन्जुमन हुसैनिया क़दीम , अन्जुमन शब्बीरिया अन्जुमन अब्बासिया अन्जुमन अब्बासिया शामिल रहेगी।अन्जुमन मज़लूमिया व अन्जुमन हैदरिया के साथ अन्जुमन आबिदया भी अपने क़दीमी जुलूस को निकालेगी जो ज़न्जीरो से मातम करते हुए करबला जाएगी।वहीं दूसरी बड़ा जुलूस शाम पांच बजे दरियाबाद इमामबाड़ा सलवात अली खां से ताहिर मलिक की सरपरस्ती में निकाला जाएगा जो बलुवाघाट चौराहे से सुलाकी चौराहा बहादुरगंज , लोकनाथ चौराहा कोतवाली से चड्ढा रोड मुड़ कर रानीमंडी इमामबाड़ा में रुक कर पुनः अतरसुइया होते हुए दरियाबाद इमामबाड़ा सलवात अली खां पर पहुंचेगा।जुलूस में अन्जुमन हाशिमया व अन्जुमन नक़विया शामिल रहेगी।उक्त सूचना अन्जुमन के प्रवक्ता सैय्यद मोहम्मद अस्करी ने देते हुए बताया की चेहलुम के जुलूस में अलम ताबूत ज़ुलजनाह अमारी बिस्तर इमाम ज़ैनुल आबेदीन व झूला हज़रत अली असग़र भी ज़ियारत को निकाला जाएगा।वहीं तेईस सफर १० सितंबर रविवार को दरियाबाद स्थित इमामबाड़ा जद्दन मीर साहब (मोजिज़नुमा)से रज़ा हसनैन एडवोकेट अध्यक्ष अन्जुमन खुद्दामे मोजिज़नुमा की सरपरस्ती व नजीब इलाहाबादी के संचालन में ऐतिहासिक बहत्तर ताबूत का जुलूस निकाला जाएगा जिसमें शहर की मशहूर ओ मारुफ अन्जुमनों के साथ बाहरी शहरों की अन्जुमने भी दफ्न ए शोहदाए करबला के दर्दअंगेज़ मंज़र में शामिल रहेंगी।

शहादत ए इमाम मूसा ए रज़ा पर निकाला गया ताबूत अलम व ज़ुलजनाह का जुलूस

माहे सफर की १७ को रानीमंडी धर्मशाला के सामने स्थित इमामबाड़ा स्व साबिर हुसैन से अस्सी साल पहले ज़ायर हुसैन द्वारा क़ायम किया गया जुलूस इमाम रज़ा अक़ीदत व ऐहतेराम के साथ निकाला गया। ज़ैग़म अब्बास ने पुरदर्द मर्सिया पढ़ा तो ज़ाकिरे अहलेबैत रज़ा अब्बास ज़ैदी ने शहादत इमाम मूसा ए रज़ा का तज़केरा किया।शबीह ए ताबूत अलम व ज़ुलजनाह की शबीह गुलाब व चमेली के फूलों से सजा कर ज़ियारत को निकाली गई।अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया बख्शी बाज़ार के नौहाख्वानो ने पुरदर्द नौहा पढ़ा बुज़ुर्ग मर्सियाख्वानी ज़ायर हुसैन ने सबसे पहले नौहा पढ़ा आज जहां से गया हाय रज़ा ए ग़रीब जुलूस रानीमंडी की गलियों में गश्त करते हुए देर रात कोफ्तग्रान टोला मरहूम मक़सद अली के इमामबारगाह पर पहुंच कर सम्पन्न हुआ। जुलूस में ज़ायर हुसैन ,ऐजाज़ हुसैन मंज़र कर्रार ,गौहर क़ाज़मी ,वक़ार हुसैन ,काज़िम अब्बास ,अहमद जावेद ‘कज्जन’ , सैय्यद मोहम्मद अस्करी ,ज़रग़ाम हैदर ,आसिफ रिज़वी , ज़ामिन हसन आदि शामिल रहे।वहीं करैली की मस्जिद ए खदीजा स्थित रौज़ा ए इमाम रज़ा में हसन आमिर की ओर से आयोजित शहदत की शब में मजलिस को मौलाना ज़ायर हुसैन नक़वी ने खिताब किया।ताबूत व अलम की ज़ियारत के साथ अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया बख्शी बाज़ार ने नौहा और मातम का नज़राना पेश किया।चक ज़ीरो रोड स्थित इमामबाड़ा डिप्यूटी ज़ाहिद हुसैन से अन्जुमन इमामिया चक की ओर से जुलूस निकाला गया जिसमें रज़ा इस्माईल सफवी की सोज़ख्वानी से मजलिस का आग़ाज़ हुआ मौलाना सफदर अली साहब क़िब्ला ने मजलिस को खिताब किया अन्जुमन शब्बीरिया रानीमंडी,अन्जुमन हुसैनिया क़दीम दरियाबाद, अन्जुमन मज़लूमिया रानीमण्डी, अन्जुमन ग़ुन्चा ए क़ासिमया बख्शी बाज़ार, अन्जुमन अब्बासिया रानीमंडी व अन्जुमन हैदरिया रानीमंडी ने नौहाख्वानी के साथ जुलूस में शिरकत की।ताबूत व अलम भी निकाला गया। नय्यर आब्दी ,अस्करी भाई ,ज़फ़र रज़ा ,एहसन भाई ,अरशद नक़वी आदि शामिल रहे। दरियाबाद में इमामबाड़ा मोजिज़नुमा में शहादत इमाम रज़ा पर मजलिस हुई ताबूत भी निकाला गया। एडवोकेट रज़ा हसनैन की सदारत व नजीब इलाहाबादी के संचालन में नौहा व मातम की सदाओं के बीच बड़ी संख्या में अक़ीदतमन्दों ने शिरकत की।

Publice Voice News Network – Premium Description (Hindi)
Publice Voice News Network एक सशक्त, विश्वसनीय और स्वतंत्र मीडिया प्लेटफ़ॉर्म है, जो जनता की आवाज़ को राष्ट्रीय स्तर पर पहुँचाने के लिए समर्पित है। हम मानते हैं कि सच्ची पत्रकारिता का उद्देश्य सत्ता नहीं, सत्य की सेवा है — और इसी सिद्धांत पर हमारा पूरा नेटवर्क कार्य करता है।
Publice Voice News Network उन मुद्दों को उजागर करता है जो समाज, लोकतंत्र और मानवाधिकारों से जुड़े हैं, जिन्हें आमतौर पर मुख्यधारा मीडिया नजरअंदाज कर देता है। हम हर खबर को तथ्यों, प्रमाणों और निष्पक्ष दृष्टिकोण के साथ प्रस्तुत करते हैं— बिना दबाव, बिना डर और बिना समझौते के।

राष्ट्रीय स्तर पर तेजी से उभरता हुआ विश्वसनीय न्यूज़ नेटवर्क